पांढुर्णा हलचल न्यूज़ संवाददाता मनोज सातपुते पांढुर्णा

पांढुर्णा मुस्लिम विकास परिषद ने शुक्रवार को कलेक्टर कार्यालय में ज्ञापन सौप देश में गाय को राष्ट्र माता घोषित करने और सशक्त गौवंश संरक्षण कानून बनाने की मांग उठाई। परिषद के पदाधिकारियों ने कहा कि सनातन परंपरा में गाय को केवल पशु नहीं, बल्कि पालन-पोषण, करूणा व समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। हिंदू ग्रंथों और परंपराओं में गाय को विशेष सम्मान प्राप्त है और इसी कारण उसे गौ माता कहा जाता है। पर कुछ वर्षों से मुस्लिम समुदाय को गाय के नाम पर निशाना बनाते हुए प्रचारित किया जा रहा है कि मुस्लिम समुदाय गौमांस का सेवन करते है और सनातन धर्म की गाय के प्रति आस्था व भावनाओं का अनादर करते है। ऐसे में मुस्लिम समुदाय के लोग कई झूठे आरोपों से जूझ रहे है। पदाधिकाारियों ने कहा कि परिषद सनातन वर्ग की आस्था का सम्मान करती है और गाय के नाम पर मुस्लिम समुदाय के खिलाफ जारी घटीया राजनीति को रोकने की मांग करती है। इस अवसर पर आठ सूत्रीय ज्ञापन के माध्यम से परिषद ने गाय को राष्ट्र माता घोषित कर सशक्त गौवंश संरक्षण कानून बनाने, कमजोर गायों के खरीदी-बिक्री पर रोक लगाकर इनके मृत्यु बाद विधी-विधान से अंतिम संस्कार करने, गौरक्षा दलों पर प्रतिबंध लगाने, गौवंश मांस के निर्यात पर प्रतिबंध लगाकर निर्यातकों के लाईसेंस रद्द करने, गौशालाओं में विशेष व्यवस्थाएं लागू करने और गौसंरक्षण के लिए सभी धर्मों के बीच जागरूकता अभियान चलाने की मांग उठाई गई। इस दौरान कलेक्टर कार्यालय में ज्ञापन सौंपते मुख्य रूप से हाजी शाहिद भाई, निसार खान, सादिक भाई, डॉ, साहब, सिराज भाई, अल्ताफ पटेल, इमरान खान, एवेज सौदागर, फारुख भाई, आदी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।









